नई दिल्ली। NEET-UG पेपर लीक मामले में आरोपित 13 लोगों की मुश्किलें बढ़ सकती हैं। राउज एवेन्यू स्थित विशेष अदालत ने बुधवार को केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) की ओर से दाखिल आरोपपत्र का संज्ञान लिया। विशेष न्यायाधीश अजय गुप्ता ने 13 आरोपितों के खिलाफ दाखिल फाइनल रिपोर्ट पर संज्ञान लेते हुए कहा कि गुरुवार से आरोप तय किए जाने के मुद्दे पर अदालत में जिरह शुरू होगी।
CBI ने इस मामले में करीब 20 हजार पेज का आरोपपत्र दाखिल किया है। जांच एजेंसी ने कुल 13 लोगों को आरोपी बनाया है। अब अदालत में आरोप तय किए जाने को लेकर दोनों पक्ष अपनी दलीलें रखेंगे।
आरोपपत्र मीडिया में लीक होने पर कोर्ट ने जताई नाराजगी
सुनवाई के दौरान अदालत ने आरोपपत्र के कुछ हिस्सों के मीडिया में प्रकाशित होने और कुछ नाबालिग गवाहों के नाम सामने आने पर नाराजगी जताई। अदालत ने कहा कि आरोपपत्र में शामिल ऐसे तथ्य, जिन पर अभी अदालत में चर्चा तक नहीं हुई है, उनका मीडिया में प्रकाशित होना चौंकाने वाला है।
अदालत ने कहा कि जिम्मेदार मीडिया संस्थानों को ऐसे तथ्यों को प्रकाशित करने से बचना चाहिए, खासकर जब मामले में नाबालिग गवाहों से जुड़ी जानकारी शामिल हो।
CBI की ओर से अदालत को बताया गया कि कुछ नाबालिगों समेत अन्य आरोपितों के नाम मीडिया में प्रकाशित किए जा रहे हैं। जांच एजेंसी ने यह भी बताया कि आरोपपत्र के कुछ हिस्से लगातार अखबारों में प्रकाशित हो रहे हैं।
बचाव पक्ष ने भी उठाया सवाल
मामले की सुनवाई के दौरान बचाव पक्ष के अधिवक्ता ने कहा कि आरोपपत्र के मीडिया में लीक होने से आरोपितों के मामले पर प्रतिकूल असर पड़ सकता है। बचाव पक्ष की ओर से यह भी कहा गया कि अदालत में आरोपपत्र दाखिल होने से पहले ही उसकी प्रति मीडिया के पास पहुंच गई थी।
इस पर अदालत ने कहा कि वह संबंधित समाचार रिपोर्टों की जांच करेगी और यह देखेगी कि इस संबंध में आगे क्या कार्रवाई की आवश्यकता है।
20 हजार पेज की चार्जशीट में 13 आरोपी
NEET-UG पेपर लीक मामले में CBI ने करीब 20,000 पेज का आरोपपत्र दाखिल किया है। जांच एजेंसी के मुताबिक, तीन विषय विशेषज्ञों ने अलग-अलग तरीकों से दिल्ली स्थित नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) के कार्यालय से NEET परीक्षा के प्रश्नपत्र लीक किए।
CBI के अनुसार, आरोपितों ने गोपनीय स्थान से बाहर निकलते समय तलाशी नहीं होने का फायदा उठाया और कथित तौर पर परीक्षा के प्रश्नों को बाहर पहुंचाया।
कई राज्यों से हुई आरोपितों की गिरफ्तारी
CBI की जांच के अनुसार, NEET पेपर लीक मामले में NTA के विषय विशेषज्ञ पीवी कुलकर्णी, मनीषा संजय हवलदार और मनीषा गुरुनाथ मंधारे को गिरफ्तार किया गया था।
इसके अलावा राजस्थान से मांगीलाल, दिनेश और विकास बिवाल को गिरफ्तार किया गया। गुरुग्राम से यश यादव और नासिक से शुभम खैरनार को गिरफ्तार किया गया।
जांच के दौरान पुणे से धनंजय लोखंडे और मनीषा संजय वाघमारे को भी गिरफ्तार किया गया। CBI ने जांच के आधार पर कुल 13 आरोपितों के खिलाफ आरोपपत्र दाखिल किया है।
आज होगी आरोप तय करने के मुद्दे पर सुनवाई
अब विशेष अदालत में गुरुवार से आरोप तय किए जाने को लेकर बहस शुरू होगी। इस सुनवाई पर आरोपितों के खिलाफ आगे की न्यायिक कार्रवाई की दिशा तय होगी। वहीं, आरोपपत्र के मीडिया में लीक होने और नाबालिग गवाहों की पहचान सामने आने के मामले में अदालत की टिप्पणी भी महत्वपूर्ण मानी जा रही है।