रांची: झारखंड राज्य कर्मचारी चयन आयोग (JSSC) की CGL परीक्षा पेपर लीक मामले में CID की जांच लगातार जारी है। अब तक CID ने एक दर्जन से अधिक आरोपियों को गिरफ्तार किया है और जांच का दायरा लगातार बढ़ाया जा रहा है।

इस मामले में अब छात्र नेता और कोचिंग संस्थान संचालक कुणाल सिंह को पूछताछ के लिए समन भेजा गया है। उन्हें 13 मार्च को CID कार्यालय में उपस्थित होकर जांच में सहयोग करने का निर्देश दिया गया है।


कोर्ट ने कुणाल सिंह की गिरफ्तारी पर लगाई रोक

22 दिसंबर को CID ने कुणाल प्रताप सिंह के खिलाफ वारंट जारी किया था। इसके बाद 28 जनवरी को झारखंड हाई कोर्ट में सुनवाई हुई, जहां जस्टिस गौतम चौधरी की अदालत ने सुनवाई के दौरान कुणाल सिंह की गिरफ्तारी पर अगले आदेश तक रोक लगा दी। अदालत ने उन्हें जांच में सहयोग करने का निर्देश भी दिया था।


कई बार समन भेजा जा चुका

बताया जा रहा है कि CID अब तक कुणाल सिंह को नौ बार समन भेज चुकी है और उनसे पूछताछ के लिए बुलाया जा चुका है।

  • CID का कहना है कि जांच में सहयोग करना सभी आरोपितों के लिए अनिवार्य है।

  • पेपर लीक मामले में आगे भी CID की कार्रवाई और पूछताछ जारी रहने की संभावना है।


आगे क्या होगा?

  • कुणाल सिंह 13 मार्च को CID कार्यालय में उपस्थित होंगे।

  • जांच के बाद मामले में नए आरोपियों को भी गिरफ्तार किया जा सकता है।

  • JSSC और राज्य सरकार इस मामले पर कड़ी निगरानी रख रही है।