चाईबासा: पश्चिमी सिंहभूम जिले के चाईबासा में नाबालिग से सामूहिक दुष्कर्म के मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, मुफ्फसिल थाना अंतर्गत पांड्राशाली ओपी क्षेत्र के गाड़ाहातु गांव में हुई इस घटना के संबंध में शिकायत मिलने के बाद महज 10 घंटे के भीतर सभी चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया।

पुलिस ने गिरफ्तार किए गए आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेजने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। मामले की जानकारी चाईबासा के एसडीपीओ बहामन टुटी ने पत्रकारों को दी।

नाबालिग की मां ने दर्ज कराई लिखित शिकायत

पुलिस के मुताबिक, शुक्रवार को पीड़ित नाबालिग की मां ने थाने में लिखित शिकायत दी। शिकायत में आरोप लगाया गया कि चारों आरोपियों ने घर के समीप नाला के पास नाबालिग के साथ सामूहिक दुष्कर्म किया।

शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तत्काल कार्रवाई शुरू की। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, घटना की संवेदनशीलता को देखते हुए पीड़ित और उसके परिवार की पहचान को गोपनीय रखा जा रहा है।

एसपी के निर्देश पर गठित हुई छापामारी टीम

मामले की जानकारी मिलने के बाद पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर सीडीपीओ के नेतृत्व में एक विशेष छापामारी टीम का गठन किया गया। टीम ने आरोपियों की तलाश में अलग-अलग संभावित ठिकानों पर छापेमारी शुरू की।

पुलिस की कार्रवाई के दौरान चारों आरोपियों को पकड़ लिया गया। पुलिस का दावा है कि शिकायत दर्ज होने के करीब 10 घंटे के भीतर सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया।

चारों आरोपी गिरफ्तार

पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार आरोपियों में तीन गाड़ाहातु गांव के ही रहने वाले हैं। इनमें चंपाय होनहागा, राजेश पाड़ेया उर्फ दामू और छोटा होनहागा उर्फ पाईकिराय शामिल हैं।

वहीं, चौथे आरोपी की पहचान सिकंदर पुरती उर्फ डेमू के रूप में हुई है, जो सोनरो गांव का रहने वाला बताया गया है।

पुलिस ने सभी आरोपियों को गिरफ्तार करने के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।

न्यायिक हिरासत में भेजे जाएंगे आरोपी

एसडीपीओ बहामन टुटी के अनुसार, मामले में गिरफ्तार सभी चार आरोपियों को न्यायिक हिरासत में जेल भेजा जा रहा है। पुलिस मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जांच कर रही है।

पुलिस की ओर से मामले में उपलब्ध साक्ष्यों और शिकायत के आधार पर आगे की जांच की जा रही है। नाबालिग से जुड़े मामलों में कानून के प्रावधानों के अनुसार पीड़ित की पहचान सार्वजनिक नहीं की जाती है।

10 घंटे में गिरफ्तारी से पुलिस की त्वरित कार्रवाई

इस मामले में पुलिस की कार्रवाई की खास बात यह रही कि शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने बिना देरी किए छापामारी टीम गठित की और करीब 10 घंटे के भीतर चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।

चाईबासा पुलिस के एसडीपीओ बहामन टुटी ने मामले की जानकारी देते हुए पुलिस की कार्रवाई और आरोपियों की गिरफ्तारी की पुष्टि की है।