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Amazing: 12 साल में लड़कियां अपने आप बन जाती हैं लड़का, दुनिया का एकलौता ‘शापित’ गांव

एकलौता ‘शापित’ गांव जहां 12 साल में लड़कियां अपने आप बन जाती हैं लड़का

न्यूज डेस्क/ समाचार प्लस – झारखंड-बिहार

सर्जरी कराकर लिंग परिवर्तन की बात तो आपने खूब सुनी होगी, लेकिन क्या आपने अपने आप सेक्स चेंज हो जाने का मामला सुना है? अपने आप, वह भी किन्हीं 1-2 लोगों का नहीं हुआ, पूरे के पूरे गांव का। यह इस दुनिया का एकलौता गांव ऐसा है जहां 12 साल आते-आते लड़कियां अपने आप लड़का बन जाती हैं। डोमिनिकल रिपब्लिक नामक देश का नाम तो आपने सुना ही होगा! इसी देश में एक गांव है जहां लड़कियां एक खास उम्र में लड़का बन जाती हैं।

शोधकर्ता हैरान, कर रहे शोध

डोमिनिकल रिपब्लिक स्थित इस गांव का नाम है- सेलिनास। इसी गांव की लड़कियां 12 साल की उम्र में लड़का बन जाती हैं। करीब 6 हजार की आबादी वाला यह एक छोटा-सा गांव है। लेकिन दुनियाभर के शोधकर्ताओं के शोध का विषय बना हुआ है। इसकी पहचान शोधकर्ता एक रहस्यमय गांव के तौर पर करते हैं।

क्या यहां कोई अदृश्य शक्ति करती है वास?

सिलिनास गांव के लोग दबी जुबान में यहां किसी अदृश्य शक्ति के वास की बात करते हैं। वहीं कुछ का मानना है कि यहां किसी ‘शक्ति’ का साया है जबकि कुछ लोग इसे शापित गांव भी कहते हैं। इन बातों को दरकिनार करें तो भी यह सचाई है जिसे झुठलाया नहीं जा सकता कि यहां पैदा लड़कियां होती हैं और 12 साल की उम्र में लड़का बन जाती हैं। इस समस्या के कारण इस गांव में लड़कियों की संख्या बेहद कम है। इसे इस गांव में बीमारी के रूप में भी देखा जा रहा है और पीड़ित बच्चों को ‘ग्वेदोचे’ के नाम से बुलाया जाता है।

क्या यह कोई आनुवंशिक बीमारी है?

‘ग्वेदोचे’ शब्द के मतलब यहां की भाषा में ‘किन्नर’ है। डॉक्टर्स इस बीमारी को एक आनुवंशिक विकार मान रहे हैं। स्थानीय भाषा में इससे ग्रस्त बच्चों  को ‘सूडोहर्माफ्रडाइट’ कहते हैं। इस बीमारी से ग्रस्त लड़की के रूप में पैदा हुए बच्चों में कुछ बच्चों के शरीर में धीरे-धीरे पुरुषों जैसे अंग बनने लगते हैं।  उनकी आवाज़ भी धीरे-धीरे भारी होने लगती है। उनके शरीर में वे बदलाव आने शुरू हो जाते हैं जो उन्हें  लड़की से लड़का बना देते हैं। कई शोधकर्ताओं ने इस बीमारी पर शोध किये, लेकिन इस बीमारी का उपचार खोजने में वह अभी तक सफल नहीं हो पाए हैं।

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