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Siyasi Paltimaar: पलटी मारने में माहिर हैं नीतीश कुमार, 10 साल में 7 बार ऐसे बदला है ‘रंग’ 

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Siyasi Paltimaar: बिहार के सीएम नीतीश कुमार (CM Nitish Kumar) ने भाजपा के साथ गठबंधन तोड़ने का फैसला लिया है और एक बार फिर से वह आरजेडी, कांग्रेस और वाम दलों के साथ मिलकर सरकार बनाने जा रहे हैं। इस बाबत उन्होंने राज्यपाल को इस्तीफ़ा भी सौंप दिया है। नीतीश कुमार के इस फैसले से बिहार समेत देश भर के लोगों में हैरानगी है। लेकिन यह पहला मौका नहीं है, जब नीतीश कुमार ने इस तरह से अपना रुख बदला है। इससे पहले भी वह 2013 में एनडीए को छोड़कर आरजेडी और कांग्रेस के साथ चले गए थे। फिर 2017 में एक बार फिर से भाजपा के साथ चले आए थे। इस तरह वह राजनीति में कई बार पाला बदल चुके हैं।

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‘पलटू चाचा’ के नाम से पुकारते रहे हैं आरजेडी नेता 

इससे पहले नीतीश को आरजेडी नेता ‘पलटू चाचा’ कह चुके हैं। तेजस्वी यादव तो अक्सर उन्हें ‘पलटू चाचा’ के नाम से संबोधित करते रहे हैं। 2005 में भाजपा संग बिहार की सरकार बनाने वाले नीतीश कुमार (CM Nitish Kumar) ने पहली बार 2012 में उस वक़्त चौंकाया था जब वह एनडीए में थे, लेकिन राष्ट्रपति चुनाव में प्रणब मुखर्जी को वोट दिया था। इसके बाद 2013 में जब भाजपा ने नरेंद्र मोदी को पीएम कैंडिडेट घोषित किया, तो नीतीश कुमार ने 17 साल पुराने रिश्ते तोड़ दिए थे। जेडीयू ने 2014 का आम चुनाव आरजेडी के साथ ही मिलकर लड़ा था, लेकिन भाजपा से उन्हें जबरदस्त पराजय मिली। तब नीतीश कुमार ने सीएम पद से ही इस्तीफा दे दिया था और फिर जीतन राम मांझी को सीएम बनाया। जेडीयू को बिहार की 40 लोकसभा सीटों में से सिर्फ दो पर ही जीत मिली थी। इसके बाद नीतीश कुमार ने 2015 के विधानसभा चुनाव में महागठबंधन संग उतरने का फैसला लिया था और जीत भी हासिल की थी। इसके एक महीने बाद ही जुलाई में उन्होंने महागठबंधन छोड़ दिया था और एक बार फिर से भाजपा के साथ ही सरकार बना ली। बीते 5 सालों से भाजपा और जेडीयू साथ चल रहे थे, लेकिन इसी साल एक बार फिर से उन्होंने चौंका दिया था।

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इफ्तार पार्टी में शामिल होकर दे चुके थे संकेत 

नीतीश कुमार ने राबड़ी के घर आयोजित इफ्तार पार्टी में हिस्सा लिया था। लालू परिवार के साथ इफ्तार पार्टी के बहाने हुई मुलाकात के बाद से ही कयास लगने लगे थे कि वह फिर पाला बदल लेंगे। यह बात अब सच साबित हो भी गई क्योंकि नीतीश कुमार एक बार फिर एनडीए को छोड़कर कांग्रेस और आरजेडी के साथ सरकार बनाने जा रहे हैं।

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ये भी पढ़ें : नीतीश कुमार ने राज्यपाल को सौंपा इस्तीफा, सरकार बनाने के लिए 160 विधायकों के समर्थन का दावा

 

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