समाचार प्लस
Breaking देश फीचर्ड न्यूज़ स्लाइडर

Rewari Culture: ‘मुफ्त की सौगात’ एक गंभीर मुद्दा, रेवड़ी कल्चर पर सुप्रीम कोर्ट फिर सख्त

image source : social media

Rewari Culture: चुनाव में मुफ्त सुविधाओं का वायदा (Rewari Culture)करने वाली राजनीतिक पार्टियों की मान्यता रद्द करने की मांग वाली याचिका पर सुप्रीम कोर्ट में आज सुनवाई हुई। इस मामले पर सुप्रीम कोर्ट अब अगली सुनवाई 17 अगस्त को करेगा। वहीं सुनवाई के दौरान शीर्ष अदालत ने निर्वाचन आयोग से पूछा कि सभी राजनीतिक पार्टी चुनाव से पहले अपना मेनिफेस्टो आपको देती हैं? इसके साथ ही सुप्रीम कोर्ट ने चुनाव आयोग को फटकार भी लगाई।

‘हमें हलफनामा नहीं मिलता’

कोर्ट ने कहा कि हमें हलफनामा नहीं मिलता, लेकिन वह अखबारों को मिल जाता है और वहां छप भी जाता है, हमने आज हलफनामा न्यूज पेपर में पढ़ भी लिया है। राजनीतिक पार्टियों द्वारा मुफ्त योजनाओं की घोषणा के खिलाफ भाजपा नेता अश्विनी उपाध्याय ने सुप्रीम कोर्ट में जो याचिका दायर की है, उसमें कहा गया है कि इससे देश की अर्थव्यवस्था को नुकसान होता है। जब कोर्ट ने चुनाव आयोग से बारे में सवाल किया तो EC ने बताया कि मुफ्त योजनाओं को लेकर कोई स्पष्ट परिभाषा नहीं है।

“अर्थव्यवस्था को गंभीर नुकसान हो रहा है”

कोर्ट का कहना है कि इस कल्चर के चलते अर्थव्यवस्था को गंभीर नुकसान हो रहा है। अदालत ने गुरुवार को कहा कि चुनावों के दौरान किए जाने वाले मुफ्त सुविधाओं के वादे “एक गंभीर मुद्दा” है क्योंकि इससे अर्थव्यवस्था को नुकसान हो रहा है। बार एंड बेंच की रिपोर्ट के मुताबिक भारत के मुख्य न्यायाधीश एनवी रमना ने कहा, “कोई यह नहीं कह रहा है कि यह मुद्दा नहीं है। यह एक गंभीर मुद्दा है। जिसे मिल रहा है वे चाहते हैं कि मिलता रहे, हम एक कल्याणकारी राज्य हैं। कुछ लोग कह सकते हैं कि वे टैक्स देते हैं और इसका इस्तेमाल विकास प्रक्रिया के लिए किया जाना चाहिए है। इसलिए यह एक गंभीर मुद्दा है। इसलिए दोनों पक्षों को समिति द्वारा सुना जाना है।”
ये भी पढ़ें : कांग्रेस की देशभर में 17 अगस्त से ‘महंगाई चौपाल’, दिल्ली में करेगी “महंगाई पर हल्ला बोल” रैली

Related posts

आम आदमी पर महंगाई की एक और मार, Amul और Mother Dairy ने दूध की कीमतों में किया इजाफा

Manoj Singh

2024 Race for PM: नरेन्द्र मोदी की राह का रोड़ा नीतीश? नीतीश की राह में खड़े ममता, केजरीवाल, केसीआर?

Pramod Kumar

Russia Ukraine War: रूस के खिलाफ लड़ाई में यूक्रेनी सेना में शामिल हुआ भारतीय छात्र, इंडियन आर्मी का बनना चाहता था हिस्सा

Sumeet Roy