समाचार प्लस
Breaking झारखण्ड देश फीचर्ड न्यूज़ स्लाइडर

सपा की साइकिल पर बैठकर राज्यसभा जायेंगे कपिल सिब्बल, झटका कांग्रेस का ‘हाथ’

Kapil Sibal will go to Rajya Sabha by sitting on SP's cycle, the 'hand' of Congress is a setback
झारखंड से कांग्रेस उम्मीदवार बनाये जाने की लग रही थीं अटकलें

न्यूज डेस्क/ समाचार प्लस – झारखंड

तमाम अटकलबाजियों को दरकिनार करते हुए कांग्रेस के दिग्गज नेता और कांग्रेस से नाराज चल रहे नेताओं के समूह जी-23 के अगुआ कपिल सिब्बल सपा की साइकिल पर बैठकर राज्यसभा जा रहे हैं। पिछले कई दिनों से कपिल सिब्बल को झारखंड से कांग्रेस के उम्मीदवार बनाये जाने की अटकलें चल रही थीं, कुछ कांग्रेसी नेता तो सिब्बल को ही राज्यसभा उम्मीदवार बनाने के दावे करने लगे थे, लेकिन ये दावे अटकलें ही साबित हुए। कपिल सिब्बल अब सपा के हो चुके हैं और उन्होंने सपा प्रमुख अखिलेश यादव की उपस्थिति में राज्यसभा के लिए अपना नामांकन कर दिया है। इस मौके पर सपा के वरिष्ठ नेता रामगोपाल यादव भी उपस्थित थे।

सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने उत्तर प्रदेश की 11 राज्यसभा सीटों के लिए होने वाले चुनाव के लिए अपने तीन उम्मीदवारों के नाम फाइनल कर दिये हैं। कपिल सिब्बल के अलावा अखिलेश यादव अपनी पत्नी डिंपल यादव और जावेद अली खान को राज्यसभा भेज रहे हैं। हो सकता है कि सपा की लिस्ट में कपिल सिब्बल का नाम देखकर बहुतों को आश्चर्य हो सकता है, लेकिन वरिष्ठ वकील सिब्बल अब कांग्रेसी नहीं हैं। वह 16 मई को ही कांग्रेस से अपना इस्तीफा दे चुके हैं, हालांकि इसकी जानकारी उन्होंने आज दी।

बता दें, मौजूदा वक्त में समाजवादी पार्टी के राज्यसभा में 5 सदस्य हैं। जिसमें कुंवर रेवती रमन सिंह, विशंभर प्रसाद निषाद और चौधरी सुखराम सिंह यादव का कार्यकाल जुलाई में खत्म हो रहा। विधानसभा में सपा की जितनी सीटें हैं, उसके हिसाब से वह तीन लोगों को राज्यसभा भेज सकने की स्थिति में है और डिंपल यादव, कपिल सिब्बल और जावेद अली खान के रूप में तीन नाम फाइनल हो चुके हैं।

आखिर सिब्बल पर सपा क्यों हुई मेहरबान?

कपिल सिब्बल को 2016 में कांग्रेस ने यूपी से राज्यसभा भेजा था। लेकिन इस बार ऐस सम्भव नहीं था। कांग्रेस हाईकमान से उनके इस समय जो रिश्ते थे, उसमें उनका राज्यसभा जाना किसी रूप में सम्भव नहीं था। क्योंकि वह वक्त-वक्त पर गांधी परिवार पर निशाना साधते रहते थे। उनका सबसे बड़ा मतभेद गांधी परिवार को लेकर थी। जबकि सच्चाई यही है कि कांग्रेस का मतलब गांधी परिवार है। इसलिए कांग्रेस से उनकी बात बनना नामुमकिन था। दूसरी तरफ जेल से बाहर आ चुके आजम खान और अखिलेश के बीच मनमुटाव को दूर करना भी एक समस्या है। सम्भव है कपिल दोनों के बीच एक कड़ी काम करें। सूत्रों के मुताबिक आजम को खुश करने के लिए ही अखिलेश ने सिब्बल को राज्यसभा भेजने के लिए हामी भरी है।

यह भी पढ़ें:  तेल के रास्ते काबू आयेगी महंगाई, सरकार ने कर लिया जुगाड़, पहले ईंधन सस्ता, अब खाने का तेल

Related posts

Jharkhand: साहिबगंज में अवैध खनन पर लगेगी नकेल, खनन टास्क फोर्स नियमित करेगा जांच

Pramod Kumar

Good Samaritan :’FIR’ फेम कविता कौशिक ने कटवाए अपने लंबे बाल, इस नेक काम के लिए करेंगी Donate

Manoj Singh

कल्याण सिंह के पार्थिव शरीर पर तिरंगे के ऊपर BJP का झंडा, कांग्रेस- TMC ने जताई आपत्ति, जानें क्या कहती है राष्ट्रीय ध्वज संहिता

Manoj Singh