समाचार प्लस
Breaking झारखण्ड राँची

JPSC संवैधानिक संस्थान नहीं होती, तो उसे आज ही बंद करने का आदेश दे देता : हाईकोर्ट

JPSC संवैधानिक संस्थान नहीं होती, तो उसे आज ही बंद करने का आदेश दे देता : झारखंड हाईकोर्ट

झारखंड हाईकोर्ट में धनबाद ADJ उत्तम आनन्द मौत मामले की सुनवाई हुई. चीफ जस्टिस डॉ रवि रंजन और सुजीत नारायण प्रसाद की कोर्ट ने सुनवाई के दौरान नाराजगी जाहिर करते हुए मौखिक रूप से कहा कि JPSC संवैधानिक संस्थान नहीं होती तो अदालत आज इसे बंद करने का आदेश पारित कर देती.

पद 2011 में सृजित हुआ, लेकिन अब तक नियुक्ति नहीं

अदालत ने सरकार के जवाब से अंसतुष्टि जताते हुए जेपीएससी, FSL और गृह सचिव को एफिडेविट के माध्यम से जवाब दाखिल करने का निर्देश दिया है. मामले की सुनवाई के लिए एक सप्ताह बाद की तारीख मुक़र्रर की गई है. राज्य सरकार की तरफ से अधिवक्ता पीयूष चित्रेश और जेपीएससी की ओर से अधिवक्ता संजय पिपरवाल ने अदालत को बताया कि विधि विज्ञान प्रयोगशाला में पद सृजित हैं, और उन पदों पर नियुक्ति की प्रक्रिया शुरू की जा रही है. जिसपर चीफ जस्टिस डॉ रविरंजन ने मौखिक रूप से कहा कि यह राज्य के लिए शर्म की बात है कि पद 2011 में सृजित हुआ, लेकिन अब तक नियुक्ति नहीं हुई.

ये भी पढ़ें : इन 7 हसीनाओं को डेट कर चुके हैं Sidharth Shukla, लेकिन हमेशा अधूरा रहा प्यार

Related posts

Babul Supriyo का राजनीति से संन्यास का एलान, Facebook पर लिखी ‘मन की बात’

Sumeet Roy

Lakhisarai: आलू की बोरी में छिपाकर ले जा रहे थे विदेशी शराब, तीन तस्कर गिरफ्तार

Pramod Kumar

चरनजीत सिंह चन्नी होंगे पंजाब के नये मुख्यमंत्री, हरीश रावत ने ट्वीट कर दी जानकारी

Pramod Kumar

Leave a Comment

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.