समाचार प्लस
Breaking देश फीचर्ड न्यूज़ स्लाइडर

Happy Birthday Sonia Gandhi: कांग्रेस की मजबूत लेडी के सामने 2022 की कठिन चुनौती

Sonia Gandhi Happy Birthday

न्यूज डेस्क/ समाचार प्लस – झारखंड-बिहार

कांग्रेस की अंतरिम अध्यक्ष सोनिया गांधी का आज जन्मदिन है। 9 दिसम्बर, 1946 को इटली में जन्मी सोनिया गांधी (मूल नाम- सोनिया माइनो) आज नेहरू-गांधी परिवार की बहू हैं। सोनिया गांधी का परिचय इतना भर नहीं है कि वह पूर्व प्रधानमंत्री दिवंगत राजीव गांधी की पत्नी और पूर्व कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी और कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा की मां हैं। भारतीय राजनीति में सोनियां गांधी एक मजबूत दखल रखती हैं। आज कांग्रेस भले ही अपनी पुरानी राजनीतिक जमीन खो चुकी है, फिर भी कांग्रेस अध्यक्ष रहते हुए भारतीय राजनीति में उनके योगदान और उनके बलिदान को देश नहीं भुला सकता है। सोनिया गांधी के पास सबसे लम्बे समय तक कांग्रेस की अध्यक्ष रहने का रिकॉर्ड है।

पांच राज्यों के विधानसभा चुनाव 2022 बड़ी चुनौती

आज कांग्रेस के सामने सबसे बड़ी चुनौती अपने अस्तित्व को बचाये रखने को लेकर है। सोनिया गांधी पार्टी को बचाने के लिए हर सम्भव प्रयास कर रही हैं। फिर भी, कांग्रेस इस समय देश के कम राज्यों में अस्तित्व में है। कुछ राज्यों में तो वह दूसरी पार्टियों के समर्थन से सरकार में है या फिर दूसरी पार्टियों को सहयोग देकर सरकार में है। राज्यों में अस्तित्व बचाने के सवालों के बीच एक सवाल और तैर रहा है कि 2022 में पांच राज्यों में चुनाव होने हैं, इन चुनावों में वह अपने अस्तित्व को कहां तक बचाये रख पायेगी।

2022 में देश की निगाहें सबसे ज्यादा उत्तर प्रदेश और पंजाब पर लगी हुई हैं। इन राज्यों के चुनावों में कांग्रेस को उत्तर प्रदेश से कुछ खास उम्मीद नहीं है। हालांकि कांग्रेस यहां पर भी अपना जोर लगाने में कोई कोर-कसर नहीं रख छोड़ रही है। कांग्रेस ने यहां की जनता के साथ यहां की महिलाओं को लुभाने के लिए कई प्रलोभन तक दे रखे हैं, अब इन प्रलोभनों का उत्तर प्रदेश की जनता पर कितना असर पड़ेगा, यह तो आने वाला वक्त ही बतायेगा।

कांग्रेस को सबसे ज्यादा उम्मीदें पंजाब से लगी हुई हैं। पंजाब में इस समय समय कांग्रेस की ही सरकार है। लेकिन लम्बे समय से कांग्रेस यहां आंतरिक संकटों से जूझ रही है। इस कारण कांग्रेस का समीकरण उलट-पटल भी हो सकता है। क्योंकि इस दौरान कांग्रेस ने कुछ निर्णय लिए हैं, वह उसके लिए घातक ही साबित हुए हैं। इन निर्णयों में सबसे आत्मघाती निर्णय कैप्टन अमरिंदर सिंह को सत्ता से बेदखल करना है। अब तो अमरिंदर सिंह ने अपनी अलग पार्टी भी बना ली है और घोषणा भी कर दी है कि वह भाजपा के साथ मिलकर पंजाब में चुनाव लड़ेंगे। निश्चय यह फैक्टर कांग्रेस को पंजाब में बड़ा झटका देगा। कांग्रेस के निर्णयों में नवजोत सिंह सिद्धू को हद से ज्यादा तरजीह दिया जाना भी पार्टी द्वारा लिए गये खतरनाक निर्णयों में से एक है। अब तो पंजाब कांग्रेस इस स्थिति में पहुंच गयी है कि सिद्धू के विरुद्ध पार्टी में ही विरोधी सुर उठने लगे हैं। फिर सिद्धू का बार-बार उभरता पाकिस्तान प्रेम भी कांग्रेस के लिए संकट पैदा कर सकता है। इसके अलावा एक और फैक्टर है जो कांग्रेस की चिंता बढ़ा रहा है। वह फैक्टर है दिल्ली के मुख्यमंत्री केजरीवाल की आम आदमी पार्टी (आप)। आप ने दूसरे राज्यों की तरह पंजाब में भी पांव पसारने शुरू कर दिये हैं। फिर शिरोमणि अकाली दल और बसपा का गठजोड़ भी समस्या पैदा करेगा।

अगर इन सभी फैक्टर ने मिलकर कांग्रेस को पंजाब से बेदखल कर दिया तो यह कांग्रेस के लिए बड़ा झटका होगा। ऐसी उम्मीद है कि गोवा और उत्तराखंड में भी कांग्रेस की वापसी नहीं होने जा रही। मणिपुर में कांग्रेस की स्थिति थोड़ी बेहतर है। 2017 के चुनाव में सबसे बड़ी पार्टी होने का बावजूद कांग्रेस सत्ता से दूर रह गयी थी, फिर भी भाजपा मणिपुर में भी अपनी निगाहें गड़ा चुकी है। अगर परिणाम पिछले विधानसभा चुनाव जैसे रहे तब भी कांग्रेस सत्ता से दूर रह सकती है। देखा जाये तो कुल मिलाकर कांग्रेस के लिए विधानसभा चुनाव 2022 बहुत शुभ संकेत नहीं दे रहे हैं। फिर भी सोनिया गांधी को उनके जन्मदिन पर उनके बेहतर स्वास्थ्य और उनकी पार्टी के बेहतर भविष्य की शुभकानाएं। जन्मदिन मंगलम्!

यह भी पढ़ें: Bipin Rawat की मौत पर पाकिस्तान: ‘दुश्मन मरे तो खुशिया मत मनाओ, कभी आपका साजन भी मर जाना है’

Related posts

Kangana Ranaut की कार पर किसानों का Attack, जमकर हुई नारेबाजी

Sumeet Roy

Bipin Rawat की मौत पर पाकिस्तान: ‘दुश्मन मरे तो खुशिया मत मनाओ, कभी आपका साजन भी मर जाना है’

Pramod Kumar

होटवार जेल हुआ निलंबित IAS Pooja singhal का नया पता, रिमांड अवधि खत्म

Manoj Singh