रांची में अब ऑटो से सफर करना महंगा होने जा रहा है। झारखंड प्रदेश सीएनजी ऑटो चालक महासंघ ने नई किराया सूची जारी कर दी है, जो 13 अप्रैल से लागू होगी। नए नियम लागू होने के बाद यात्रियों को पहले की तुलना में अधिक किराया देना पड़ेगा।
महासंघ के प्रदेश अध्यक्ष दिनेश सोनी ने बताया कि शहर में लंबे समय से ऑटो किराए को लेकर असमंजस की स्थिति बनी हुई थी। कई चालक बिना किराया सूची लगाए मनमाना किराया वसूल रहे थे। अब इस पर रोक लगाने के लिए तय दरें लागू की जा रही हैं।
नई किराया सूची (प्रमुख रूट)
नई दरों के अनुसार यात्रियों को निम्न किराया देना होगा—
- कांटाटोली से नामकुम : 20 रुपये
- कांटाटोली से टाटीसिलवे : 30 रुपये
- कांटाटोली से मिलन चौक : 35 रुपये
- कांटाटोली से गोंदली पोखर : 40 रुपये
- कांटाटोली से अनगड़ा ब्लॉक : 50 रुपये
- अनगड़ा से नामकुम : 40 रुपये
- टाटीसिलवे से रिंग रोड ब्रिज : 20 रुपये
- टाटीसिलवे से नामकुम : 20 रुपये
महासंघ का कहना है कि नई दरों का उद्देश्य यात्रियों से मनमानी वसूली को रोकना और एक समान किराया व्यवस्था लागू करना है।
अवैध वसूली के खिलाफ सड़कों पर उतरे चालक
नई किराया सूची जारी होने के साथ ही ऑटो चालकों ने अपनी विभिन्न मांगों को लेकर प्रदर्शन भी किया। लोकभवन के सामने हुए इस प्रदर्शन में बड़ी संख्या में चालक शामिल हुए।
प्रदर्शन के बाद संगठन ने आयुक्त को ज्ञापन सौंपा, जिसकी प्रतिलिपि नगर आयुक्त और यातायात पुलिस अधीक्षक को भी दी गई।
चालकों की मुख्य मांगें
ऑटो चालक संघ के अनुसार शहर में बड़ी संख्या में बिना परमिट के वाहन चल रहे हैं, जिससे वैध चालकों को नुकसान हो रहा है। इसके अलावा पार्किंग और पुलिस के नाम पर अवैध वसूली भी एक बड़ी समस्या बनी हुई है।
चालकों ने मांग की है कि—
- 5000 नए ऑटो परमिट जारी किए जाएं
- 3000 ई-रिक्शा को पास दिया जाए
- अवैध वसूली पर सख्ती से रोक लगे
- पार्किंग के लिए तय शुल्क और टोकन सिस्टम लागू किया जाए
आंदोलन की चेतावनी
चालकों ने साफ कहा है कि यदि उनकी मांगों पर जल्द कार्रवाई नहीं हुई, तो वे आगे भी आंदोलन करने को मजबूर होंगे।
निष्कर्ष
नई किराया सूची से जहां यात्रियों की जेब पर असर पड़ेगा, वहीं इससे किराए को लेकर पारदर्शिता आने की उम्मीद है। अब देखना होगा कि प्रशासन चालकों की मांगों पर क्या कदम उठाता है।