नई दिल्ली: दुबई से तेल अवीव जा रही फ्लाईदुबई की फ्लाइट FZ1073 में बुधवार को उस समय बड़ा संकट पैदा हो गया, जब उड़ान के दौरान कॉकपिट में दोनों पायलटों के बीच हिंसक घटना हो गई। इस दौरान भारतीय कैप्टन स्मित मच्छार गंभीर रूप से घायल हो गए। इसके बावजूद उन्होंने जिस तरह स्थिति का सामना किया, उसकी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी समेत कई अंतरराष्ट्रीय नेताओं ने सराहना की है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को कैप्टन स्मित मच्छार की पत्नी और उनके माता-पिता से फोन पर बात की। सरकारी सूत्रों के मुताबिक, पीएम मोदी ने उनके साहस की सराहना की और परिवार को हरसंभव सहायता का भरोसा दिलाया। भारत के राजनयिक मिशन भी कैप्टन मच्छार के परिवार और सऊदी अधिकारियों के संपर्क में हैं।
कॉकपिट में आखिर क्या हुआ?
फ्लाईदुबई की फ्लाइट FZ1073 ने 30 सितंबर को दुबई से तेल अवीव के लिए उड़ान भरी थी। विमान में करीब 174 लोग सवार थे। उड़ान के दौरान कॉकपिट में एक गंभीर घटना हुई। इजरायली अधिकारियों और प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू की ओर से सामने आए विवरण के अनुसार, ओमानी सह-पायलट ने भारतीय कैप्टन स्मित मच्छार पर हमला किया और विमान को नुकसान पहुंचाने की कोशिश की। हालांकि, घटना की पूरी वजह और मकसद की आधिकारिक जांच अभी जारी है। फ्लाईदुबई ने भी लोगों से जांच पूरी होने से पहले अटकलों से बचने की अपील की है।
घटना के दौरान विमान तेजी से नीचे आने लगा। Reuters के अनुसार, विमान ने कुछ ही समय में हजारों फीट की ऊंचाई गंवाई। इसी दौरान गंभीर रूप से घायल कैप्टन मच्छार ने कॉकपिट का दरवाजा खोलने में कामयाबी हासिल की। इसके बाद यात्रियों और क्रू के सदस्यों को अंदर पहुंचकर हमलावर को काबू करने का मौका मिला। विमान में मौजूद अन्य प्रशिक्षित पायलटों ने भी स्थिति संभालने में मदद की।
ताबुक में हुई विमान की इमरजेंसी लैंडिंग
स्थिति नियंत्रित होने के बाद फ्लाइट को सऊदी अरब के ताबुक एयरपोर्ट की ओर डायवर्ट किया गया। विमान वहां सुरक्षित उतर गया। फ्लाईदुबई ने पुष्टि की कि फ्लाइट में एक घटना हुई थी और विमान में मौजूद ड्यूटी क्रू ने स्थिति को नियंत्रित करते हुए विमान को ताबुक में सुरक्षित उतारा। यात्रियों और क्रू को बाद में वैकल्पिक उड़ानों के जरिए उनकी यात्रा पूरी कराने की व्यवस्था की गई।
कैप्टन स्मित मच्छार को इलाज के लिए ताबुक के अस्पताल में भर्ती कराया गया। भारतीय दूतावास के मुताबिक उनकी स्थिति स्थिर बताई गई है और भारतीय मिशन उनके स्वास्थ्य पर नजर रखे हुए हैं।
PM मोदी ने बताया ‘हीरो’
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोशल मीडिया पोस्ट में कैप्टन स्मित मच्छार की बहादुरी की तारीफ करते हुए उन्हें ‘हीरो’ बताया। पीएम मोदी के मुताबिक, गंभीर खतरे और गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद मच्छार ने दूसरों की जान बचाने के लिए साहस और दृढ़ संकल्प दिखाया। प्रधानमंत्री ने कहा कि उनकी बहादुरी से सैकड़ों लोगों की जान बचाने और बड़ी त्रासदी को टालने में मदद मिली।
इसके बाद प्रधानमंत्री ने कैप्टन मच्छार की पत्नी और माता-पिता से भी बातचीत की और परिवार को हरसंभव सहायता का भरोसा दिया।
नेतन्याहू ने भी बहादुरी की तारीफ की
इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने भी कैप्टन स्मित मच्छार और विमान में मौजूद यात्रियों एवं क्रू की बहादुरी की सराहना की। नेतन्याहू के अनुसार, गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद भारतीय पायलट ने कॉकपिट का दरवाजा खोलने में मदद की, जिससे यात्रियों और क्रू को हस्तक्षेप करने का अवसर मिला।
इस घटना के दौरान यात्रियों की भूमिका की भी चर्चा हुई है। रिपोर्टों के अनुसार, कुछ यात्रियों और विमान में मौजूद क्रू सदस्यों ने कॉकपिट में पहुंचकर हमलावर को काबू करने में मदद की। इसके बाद विमान को सुरक्षित रूप से ताबुक ले जाया गया।
कौन हैं कैप्टन स्मित मच्छार?
कैप्टन स्मित मच्छार एक अनुभवी कमर्शियल पायलट हैं। उपलब्ध प्रोफेशनल जानकारी के मुताबिक, उन्होंने फ्लाईदुबई से पहले करीब 11 साल तक SpiceJet में काम किया। वहां उन्होंने Senior Commander और Line Training Captain जैसी जिम्मेदारियाँ संभालीं।
मच्छार जून 2022 में फ्लाईदुबई से Direct-Entry Captain के तौर पर जुड़े थे। उनके प्रोफेशनल प्रोफाइल के अनुसार, उनके पास Boeing 737 विमान उड़ाने का करीब 9,750 घंटे का अनुभव है।
Reuters की रिपोर्ट के मुताबिक, मुंबई से ताल्लुक रखने वाले मच्छार ने 19 साल की उम्र में एविएशन को करियर के रूप में चुना था और न्यूजीलैंड में प्रशिक्षण लिया। उनका कुल फ्लाइंग करियर करीब 15 साल का रहा है।
घटना की जांच जारी
इस पूरे मामले की जांच जारी है। संयुक्त अरब अमीरात की General Civil Aviation Authority ने कहा है कि फ्लाइट में सुरक्षा संबंधी घटना हुई, जिसके बाद विमान को ताबुक डायवर्ट करना पड़ा। प्राधिकरण ने कहा कि जांच एजेंसियां घटना के कारणों और परिस्थितियों की जांच कर रही हैं और लोगों से आधिकारिक निष्कर्ष आने से पहले अनधिकृत जानकारी या अटकलें साझा न करने की अपील की है।
फ्लाईदुबई ने भी कहा है कि घटना के पीछे के कारण और मकसद फिलहाल स्पष्ट नहीं हैं और ये आधिकारिक जांच का विषय हैं। ऐसे में हमले के मकसद को लेकर सामने आ रहे अलग-अलग दावों की स्वतंत्र पुष्टि जांच पूरी होने तक नहीं हुई है।
फिलहाल कैप्टन स्मित मच्छार का इलाज सऊदी अरब के ताबुक में चल रहा है। उनकी बहादुरी की भारत के साथ-साथ इजरायल और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी चर्चा हो रही है। प्रधानमंत्री मोदी ने उनके जल्द स्वस्थ होने की कामना की है।